Uttar Pradesh

Ghaziabad: इजराइली दूतावास और खुशी संस्था ने लॉन्‍च किया प्रोजेक्ट सारस, ऐसे बनेगा महिला मित्र!



रिपोर्ट- विशाल झा
गाजियाबाद. हमारे देश में आज भी मासिक धर्म (Periods) को लेकर जागरुकता की काफी कमी देखने को मिलती है. ऐसा तब है जब माहवारी के बारे में दर्जनों शॉर्ट फिल्म, फिल्म, टीवी पर विज्ञापन और सोशल मीडिया पर खुलकर चर्चा होने लगी है. यहां तक की स्कूल और कॉलेजों में अलग से कक्षाएं चलाने की भी बात होने लगी है. हालांकि अभी भी ग्रामीण इलाकों में तो माहवारी को लेकर ना के बराबर जागरुकता है. इस कारण महिलाएं सेनेटरी पैड की जगह गंदे कपड़े को इस्तेमाल करती हैं. यही बात उनके लिए संक्रमण और अन्य बीमारियों का कारण बन जाती है. जबकि कई बार महिलाए सर्वाइकल कैंसर का भी शिकार बन जाती हैं.
माहवारी के दौरान स्वछता के संदेश के लिए इजराइली दूतावास और खुशी संस्था के संयुक्त प्रयास से गाजियाबाद के अर्थला में प्रोजेक्ट सारस लॉन्च किया गया. इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत अर्थला में सेनेटरी नैपकिन (पैड) बनाने की मशीन लगाई गई है, जो महिलाओं के द्वारा ही संचालित की जा रही है.
उज्मा और रूबीना ने संभाला मोर्चाअर्थला में इस प्रोजेक्ट की बागडोर दो बहनें उज्मा और रुबीना ने संभाल रखी है. दरअसल दोनों बहनें स्वास्थ्य और कल्याण के लिए कई सालों से काम करते आ रही हैं. अर्थला में सेनेटरी पैड बनाने की मशीन लगने से महिलाओं को जागरुकता के साथ साथ रोजगार के भी अवसर खुले हैं. NEWS 18 LOCAL से बात करते हुए रुबीना ने बताया कि यहां पर कई महिलाएं माहवारी के दौरान गंदे कपड़ों का इस्तेमाल करती हैं और बीमारी का शिकार हो जाती हैं. अब हम उन महिलाओं को समझा रहे हैं, तो घर-घर जाकर माहवारी के दौरान स्वच्छ रहने का संदेश पहुंचा रहे हैं.
कीमत का भी फर्क पड़ता हैदरअसल अर्थला में बड़ी संख्या में गरीब तबके के लोग रहते हैं. इस कारण से दुकानों पर बिकने वाला सेनेटरी पैड महिलाओं की जेब से दूर हो जाता है. इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए हमने एक पैकेट की कीमत 20 रुपये रखी है. वैसे आमतौर पर ऐसे सेनेटरी पैड 30-40 रुपये में मिलते हैं और साइज में भी छोटे होते है. जबकि औसतन एक महिला को एक दिन में माहवारी के दौरान दो सेनेटरी पैड की जरूरत पड़ती है.
News 18 Local से बात करते हुए इजराइली दूतावास के राजदूत नाओर गिलोन ने बताया कि ये प्रोजेक्ट सारस महिलाओं को महावारी के दौरान होने वाली बीमारियों से बचाएगा. हम महिलाओं के लिए कई स्वास्थ्य कैंप का भी आयोजन करवाते हैं. साथ ही पीरियड्स के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों को साझा किया..
>>इस्तेमाल किए गए पैड को कभी भी दोबारा इस्तेमाल ना करें.>> इस्तेमाल किए गए सेनेटरी पैड को खुले में ना फेंके, इसे किसी पेपर या अन्य चीज में लपेटकर ही फेंके.>>पीरियड्स के दौरान अपने प्राइवेट पार्ट्स को बार-बार धोना चाहिए.>>प्राइवेट पार्ट्स को साफ करने के लिए सिर्फ गुनगुने पानी का ही प्रयोग बेहतर होता है. नियमित रूप से प्राइवेट पार्ट्स को साफ करते रहना ही बेहतर माना जाता है. ऐसा करने से बैक्टीरिया भी मरते हैं और दुर्गध भी खत्म हो जाती है.ब्रेकिंग न्यूज़ हिंदी में सबसे पहले पढ़ें News18 हिंदी| आज की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट, पढ़ें सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट News18 हिंदी|Tags: Cervical cancer, Ghaziabad News, Israeli EmbassyFIRST PUBLISHED : September 30, 2022, 11:50 IST



Source link

You Missed

Cochrane review calls Alzheimer's drugs ineffective, experts push back
HealthMay 12, 2026

कोक्रेन समीक्षा अल्जाइमर्स के दवाओं को असरदार नहीं मानती, विशेषज्ञों ने विरोध किया

हाल ही में एक महत्वपूर्ण कोचरिन समीक्षा ने अल्जाइमर के इलाज में प्रयुक्त एमाइलॉइड-टारगेटिंग ड्रग्स की सुरक्षा और…

WHO Chief Urges Continued Vigilance After Hantavirus Evacuation
Top StoriesMay 12, 2026

डब्ल्यूएचओ के प्रमुख ने हंटावायरस निकासी के बाद निरंतर सतर्कता के लिए आग्रह किया

मैड्रिड: विश्व स्वास्थ्य संगठन के प्रमुख टेड्रोस अधानोम गेब्रेयसुस ने मंगलवार को कहा कि हंटावायरस को रोकने के…

Scroll to Top