फतेहपुर में मंदिर-मकबरा विवाद में बढ़ा तनाव, पूजा करने गईं महिलाओं और पुलिस में नोकझोंक
फतेहपुर: कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर विवादित ठाकुरद्वारा-मकबरा स्थल पर पूजा करने पहुंची लगभग 50 महिलाओं को पुलिस ने रोक दिया. इस दौरान महिलाओं और पुलिसकर्मियों के बीच कहासुनी हो गई. महिलाओं ने बाहर ही आरती कर पूजा-अर्चना शुरू कर दी, जिससे मौके पर तनाव की स्थिति बन गई.
महिलाओं ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके साथ अभद्रता की और उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुईं. विरोधस्वरूप उन्होंने वहीं बैठकर भजन गाना शुरू कर दिया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की. पुलिस ने महिलाओं को शांत कराया और उन्हें वापस घर भेजा. देर शाम तक पुलिस फोर्स इलाके में तैनात रही. हालांकि माहौल तनावपूर्ण रहा, लेकिन स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें.
विवादित स्थल पर पहले भी हो चुका है बवाल
गौरतलब है कि ठाकुरद्वारा-मकबरा विवाद कोई नया नहीं है. इससे पहले 11 अगस्त को इसी स्थल पर बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए थे, जिसके बाद माहौल बिगड़ गया था. उस समय पुलिस ने 10 नामजद और 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था. वर्तमान में यह मामला न्यायालय में विचाराधीन है, जिसकी अगली सुनवाई 12 नवंबर को होनी है.
प्रशासन ने एहतियातन बढ़ाई सुरक्षा
विवाद को देखते हुए थाना कोतवाली पुलिस ने क्षेत्र में पहले से ही बैरिकेडिंग कर दी थी. सोमवार को महिलाओं की भीड़ बढ़ती देख अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया. कोतवाल ने कहा कि चूंकि मामला अदालत में लंबित है, इसलिए विवादित स्थल पर किसी भी प्रकार की पूजा या अन्य धार्मिक गतिविधि की अनुमति नहीं दी जा सकती. पुलिस ने किसी भी अनहोनी से बचने के लिए पूरे क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है.
मकबरा विवाद पर पूजा-पाठ को लेकर एफआईआर दर्ज
कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर विवादित मकबरा स्थल पर पूजा-पाठ करने पहुंची महिलाओं पर पुलिस ने कार्रवाई की है. ड्यूटी पर तैनात महिला कांस्टेबल की तहरीर पर पप्पू सिंह की पत्नी सहित 20 अज्ञात महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है. आरोप है कि महिलाओं ने गाली-गलौज, बदसलूकी और धक्का-मुक्की की, जिससे सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न हुई. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

