नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम में सेलेक्शन होना जितना मुश्किल माना जाता है, उससे कई गुना ज्यादा मुश्किल खुद को टीम इंडिया में बरकरार रखना होता है, क्योंकि टीम के बाहर भी कई ऐसे खिलाड़ी होते हैं, जो अपने बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर तगड़ा कॉम्पिटिशन देते हैं. भारत के 4 खिलाड़ी ऐसे हैं, जिनका टेस्ट करियर लगभग खत्म हो गया है और उनके लिए भारतीय टेस्ट टीम के दरवाजे भी बंद नजर आ रहे हैं. आइए नजर डालते हैं इन 4 खिलाड़ियों पर:
1. कुलदीप यादव
कुलदीप यादव को भी अब टीम इंडिया के सभी फॉर्मेट्स से ड्रॉप कर दिया गया है. पिछले कुछ समय से कुलदीप यादव फॉर्म में नजर नहीं आ रहे हैं और लगातार फ्लॉप हो रहे हैं. आईपीएल में भी खराब फॉर्म से जूझ रहे कुलदीप यादव को केकेआर ने एक मैच में भी नहीं खिलाया और यही कारण रहा कि कुलदीप यादव को ड्रॉप कर दिया गया है. चयनकर्ता कुलदीप यादव की जगह अक्षर पटेल, जडेजा और वॉशिंगटन सुंदर जैसे गेंदबाजों पर ज्यादा विश्वास कर रहे हैं. यदि ये खिलाड़ी टीम में पक्के हैं, तो कुलदीप यादव आगामी समय में टेस्ट क्रिकेट खेलते नहीं दिखेंगे.
2. हार्दिक पांड्या
हार्दिक पांड्या ने अब तक टेस्ट क्रिकेट में 11 मैच खेले हैं, जिसमें इन्होंने 31 की औसत से 532 रन बनाए हैं और साथ ही 3.38 की इकॉनमी से 17 विकेट चटकाए हैं. पिछले लंबे समय से गेंदबाजी नहीं करने के कारण और टी20 वर्ल्ड कप में खराब प्रदर्शन की वजह से हार्दिक पांड्या की सेलेक्टर्स ने टी20 टीम से छुट्टी कर दी है. यह सब देखकर तो लगता है कि पांड्या का वनडे और टेस्ट करियर भी खत्म होने की कगार पर है. कुछ लोग मान रहे हैं कि पांड्या बैक इंजरी से जूझ रहे हैं, जिस कारण वह टेस्ट क्रिकेट में गेंदबाजी नहीं कर सकेंगे. पांड्या 2018 के बाद टेस्ट क्रिकेट का हिस्सा नहीं हैं.
3. शिखर धवन
शिखर धवन के आंकड़ों को देखा जाए तो वह क्रिकेट के सभी फॉर्मेट में अव्वल खिलाड़ी दिखाई देते हैं. टेस्ट क्रिकेट में भी शिखर ने 34 मैच में 41 की औसत से 2300 से अधिक रन बनाए हैं, जिसमें इन्होंने शानदार 7 शतक लगाए हैं, लेकिन ऐसा लगता है कि चयनकर्ताओं ने धवन का सही आंकलन नहीं किया है. रोहित शर्मा और केएल राहुल के टेस्ट ओपनर के तौर पर जगह पक्की करने के बाद शिखर धवन की टेस्ट टीम में वापसी मुमकिन नजर नहीं आती. धवन टेस्ट क्रिकेट में 2018 से नहीं खेले हैं और उसके बाद किसी भी टेस्ट सीरीज में इन्हें खेलने का मौका नहीं दिया गया. धवन इस साल हुए इंग्लैंड दौरे के लिए भी सेलेक्ट नहीं किए गए थे, तो यह सब देखकर समझ आता है कि टेस्ट क्रिकेट में धवन के लिए अब दरवाजे बंद हो चुके हैं. हालांकि धवन वनडे और टी20 क्रिकेट में टीम इंडिया के लिए वापसी कर सकते हैं.
4. भुवनेश्वर कुमार
भुवनेश्वर कुमार को इस साल हुए इंग्लैंड दौरे के लिए टेस्ट टीम में शामिल नहीं किया गया था और उनका न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में भी खेलना मुमकिन नहीं लगता. भुवनेश्वर कुमार ने साल 2012 में जब करियर की शुरुआत की थी, तब स्विंग उनकी ताकत थी और आज भी उनकी यही ताकत है, लेकिन हाल ही में हुए टी20 वर्ल्ड कप में उनका प्रदर्शन बहुत खराब रहा था. भुवनेश्वर टेस्ट क्रिकेट में अपनी स्विंग गेंदबाजी साबित भी कर चुके हैं, लेकिन बदकिस्मती से भुवी चोटों के चलते कई बार टीम से अन्दर-बाहर होते रहे हैं. 2018 में लगी चोट के कारण भुवी टेस्ट क्रिकेट जैसे लम्बे फॉर्मेट से दूर होते चले गए और तब से एक भी टेस्ट में इन्हें खेलने का मौका नहीं मिला. अब स्पष्ट है कि भुवी के लिए टेस्ट क्रिकेट समाप्त हो चुका है.
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