छात्रा के पिता लालजी वैश्य के मुताबिक, जुड़ावती ने उनसे कहा कि शादी की तारीख भले ही तय हो गई हो, लेकिन वह परीक्षा भी नहीं छोड़ेगी. अगर परीक्षा छूट गई तो उसकी पूरे साल की मेहनत बर्बाद हो जाएगी. इस बात को सुनकर वे परेशान हो गए कि लड़के पक्ष के लोग इस बात पर राजी होंगे या नहीं. उन्होंने लड़के के स्वजनों से बात की तो आश्वासन मिला, फिर भी उन्हें संतुष्टि नहीं हुई.
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