Uttar Pradesh

Sarkari Naukri 2023: 12वीं पास के लिए फॉरेस्ट गॉर्ड की नौकरियां, केवल 25 रूपए आवेदन शुल्क और 33000 तक सैलरी



Sarkari Naukri 2023, UP Forest Guard Bharti: सरकारी नौकरी करना चाहते हैं, तो वन विभाग में है आपके लिए बढ़िया मौका. उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने यूपी वन विभाग में फॉरेस्ट गॉर्ड की भर्तियां निकाली हैं. ध्यान दें कि आवदेन के लिए अंतिम 2 दिन बाकी रह गए हैं, ऐसे में आज ही इसकी सभी डिटेल चेक कर लें और अगर पात्रता शर्तों को पूरा करते हैं तो जल्द से जल्द अपना आवेदन जमा करा लें. UPSSSC ने कुल 709 वैकेंसी निकाली हैं, जिनमें 693 वनरक्षक और 16 वन्य जीव रक्षक के पदों के लिए आवेदन मंगाए गए हैं.

आवेदन प्रक्रिया 20 सितंबर को शुरू हो गई थी. वहीं आवेदन की लास्ट डेट 10 अक्टूबर तक है. अभ्यर्थियों को भर्ती के लिए ऑनलाइन अप्लाई करना होगा, जिसके लिए ऑफिशयल वेबसाइट upsssc.gov.in पर विजिट करना होगा.


ऐसे होगा चयनभर्ती के तहत अभ्यर्थियों का सेलेक्शन वन रक्षक एवं वन्य जीव रक्षक मुख्य परीक्षा के माध्यम से किया जाएगा. इस परीक्षा में उन उम्मीदवारों को शामिल होने का मौका दिया जाएगा, जिनके पास उत्तर प्रदेश प्रारंभिक पात्रता परीक्षा का वैलिड स्कोर कार्ड होगा. परीक्षा क्लियर करने के बाद उम्मीदवारों को फिजिकल टेस्ट में शामिल होना होगा, जिसमें वजन उठाकर दौड़ पूरी करनी होगी. पूरी डिटेल भर्ती के अधिसूचना में उपलब्ध है.

सैलरीयूपी में फॉरेस्ट गार्ड्स को पे मैट्रिक्स लेवल 2 के तहत 5300 रूपए से लेकर 20200 रूपए प्रतिमाह का वेतनमान दिया जाता है. इसके अलावा उन्हें एचआरए समेत कई प्रकार के भत्ते भी दिए जाते हैं, जिससे उनकी टोटल सैलरी लगभग 30100 से लेकर 33100 रूपए प्रतिमाह तक भी पहुंच जाती है.

ये भी पढ़ें-IAS बनने की ऐसी जिद, बिना कोचिंग के 4 साल में 3 बार निकाला UPSC, ऐसे की तैयारीयहां से 50,000 से भी कम में करें बीटेक, 1 करोड़ से अधिक का मिलता है पैकेज
.Tags: Government jobs, Sarkari Naukri, Upsssc recruitmentFIRST PUBLISHED : October 8, 2023, 20:10 IST



Source link

You Missed

Hyderabad Marks Cherished Festival With Prayer, Resilience, Hope
Top StoriesMar 21, 2026

हैदराबाद ने प्रार्थना, साहस और आशा के साथ पूजा के साथ प्रिय त्यौहार का जश्न मनाया है।

हैदराबाद: ईद-उल-फितर के उत्सव हैदराबाद के मूल स्पिरिट का प्रतीक हैं। यह केवल धार्मिक परंपराओं तक ही सीमित…

Scroll to Top