Uttar Pradesh

संभल समाचार: हरिहर मंदिर कुंड पर कब्जा कैसे हुआ? बर्क फैमिली और सपा सरकार ने संभल में डेमोग्राफी चेंज की साजिश रची, रिपोर्ट में चौंकाने वाले खुलासा

संभल हिंसा की जांच के लिए गठित न्यायिक आयोग की रिपोर्ट लीक होने के बाद सनसनी फैल गई है. रिपोर्ट में पूर्व समाजवादी पार्टी सरकार और बर्क परिवार के डेमोग्राफी बदलने की साजिश का खुलासा हुआ है. रिपोर्ट में 1976 और 1978 के दंगों में सपा की भूमिका और मौजूदा सांसद जिया उर रहमान बर्क के दादा शफीकुर्रहमान बर्क के कथित कृत्यों को उजागर किया गया है.

रिपोर्ट के अनुसार, 1976 के दंगों में लिप्त करीब दो दर्जन लोगों को 2006 में तत्कालीन सपा सरकार ने लोकतंत्र सेनानी घोषित किया था, जब मुलायम सिंह यादव मुख्यमंत्री थे. इन दंगों में हिंदुओं का खुलेआम नरसंहार हुआ था, और शफीकुर्रहमान बर्क ने मुस्लिमों का खुला समर्थन किया. सपा शासन में मुस्लिमों को मुआवजा भी दिया गया, जबकि हिंदू पीड़ितों की अनदेखी की गई.

1978 का सबसे बड़ा दंगा और बर्क की साजिश 29 मार्च 1978 को संभल का सबसे बड़ा दंगा हुआ, जो होली के बाद शुरू हुआ. होली के दिन (25 मार्च) मुस्लिम दुकानदारों द्वारा होलिका दहन स्थल पर खोखा और चबूतरा बनाने से तनाव बढ़ा, जिसके बाद दंगे भड़क उठे. मुस्लिम भीड़ ने हिंदुओं की 40 दुकानों को जलाया और लूटपाट की, जिसमें 184 लोगों की मौत हुई. शफीकुर्रहमान बर्क के दबाव में मुस्लिमों को मुआवजा दिलाया गया. रिपोर्ट में दावा है कि दंगों की आड़ में बर्क ने हरिहर मंदिर में हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया और हवन कुंड को वजू स्थल में तब्दील कर दिया, जहां पहले हिंदू कीर्तन करते थे.

डेमोग्राफी बदलने की साजिश रिपोर्ट में कहा गया है कि सपा की मंशा संभल की डेमोग्राफी बदलने की थी, जिसमें बर्क परिवार की भूमिका केंद्रीय रही. 1947 में हिंदू आबादी 45% थी, जो अब 15-20% रह गई है. इस बदलाव को दंगों, लव जिहाद, और हिंदू पलायन से जोड़ा गया है. मंत्री जेपीएस राठौर ने कहा, “यह एक सोची-समझी साजिश थी, जिसे बेनकाब करने की जरूरत है.”

आगे की कार्रवाई रिपोर्ट लीक होने के बाद सरकार ने इसकी जांच शुरू कर दी है. स्थानीय प्रशासन और पुलिस संभल में शांति बनाए रखने के लिए अलर्ट पर हैं. बर्क परिवार और सपा नेतृत्व पर सवाल उठ रहे हैं, और इस मामले पर राजनीतिक घमासान तेज होने की संभावना है.

You Missed

Asha Bhosle Unknown Facts
Top StoriesApr 12, 2026

Asha Bhosle Unknown Facts

Asha Bhosle is no more but her songs continue to live on. Even after decades in the spotlight,…

Scroll to Top