लखीमपुर में दहशत फैला रही बाघिन पिंजरे में कैद, किसानों ने ली राहत की सांस
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर जिले में वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में आखिरकार बाघिन कैद हो गई है. यह बाघिन पिछले 5 महीने से 25 गांवों में दहशत का पर्याय बनी हुई थी. डर के कारण किसान अपने खेतों की ओर नहीं जा पा रहे थे. बाघिन की तलाश में वन विभाग की टीम लगातार क्षेत्र में कंबिंग कर रही थी. बाघिन को पकड़ने के लिए खेत के पास एक पिंजरा भी लगाया गया था, जिसमें बकरी को बांधा गया था. खाने की तलाश में निकली बाघिन अचानक पिंजरे के पास पहुंची और पिंजरे में कैद हो गई.
करीब पांच महीने की लंबी कवायद के बाद वन विभाग की कड़ी मेहनत रंग लाई है. गौरतलब है उत्तर प्रदेश के दुधवा नेशनल पार्क के जंगलों से बरसात के मौसम में तेंदुआ बाघ जंगलों से निकलकर रिहायशी इलाकों के समीप पहुंच जाते हैं. जिस कारण घटनाएं भी बढ़ जाती हैं. जिले में 1 महीने में दो लोगों की मौत हो जा चुकी है. बाघिन की दहशत के कारण किसान अपने खेतों की ओर नहीं जा पा रहे थे. गांव में दहशत का माहौल था.
बाघिन का वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें वन विभाग की टीम ने पिंजरा लगाया और बाघिन को पकड़ने के बाद ग्रामीणों ने वन विभाग को सूचना दी. स्थानीय लोगों ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर भी डाला है. फिलहाल बाघिन पूरी तरह स्वस्थ है. डीएफओ संजय कुमार ने बताया कि बाघिन का मेडिकल परीक्षण कराकर उसे जंगल में छोड़ दिया जाएगा.