फेसबुक पर दोस्‍ती कर डकार गया लाखों रुपए, फिर दुखती नब्‍ज पर हाथ रख कराया ‘गुनाह’, बदले में ‘दोस्‍त’ को दी… 



Delhi Airport Police: सहजप्रीत सिंह भी उन नौजवानों में शामिल था, जिसके सपनों का शहर सात समुंदर पार था. अब उसने अपने सपनों के शहर की तरफ उड़ान भरने के लिए आसपास के लोगों से बातचीत शुरू कर दी थी. तभी एक दिन, फेसबुक के वॉल पर सहजप्रीत को एक फ्रेंड रिक्‍वेस्‍ट दिखी. फ्रेंड रिक्‍वेस्‍ट भेजने वाला शख्‍स दिखने में काफी प्रभावशाली दिख रहा था. साथ ही, उसकी प्रोफाइल में बहुत सी ऐसी तस्‍वीरें थीं, जो अलग-अलग विदेशी शहरों में क्लिक की गई थीं. इन तस्‍वीरों को देखने के बाद सहजप्रीत ने फेसबुक पर आई फ्रेंड रिक्‍वेस्‍ट को एक्‍सेप्‍ट करने में देर नहीं की.

आईजीआई एयरपोर्ट की डीसीपी उषा रंगनानी के अनुसार, फ्रेंड रिक्‍वेस्‍ट भेजने वाले इस शख्‍स का नाम मुकेश था. मुकेश और सहजप्रीत के बीच बातचीत का सिलसिला अब शुरू हो चुका था. बातचीत के दौरान, मुकेश की कोशिश होती कि वह किसी न किसी तरह विदेश का जिक्र छेड़ देता था. एक दिन सहजप्रीत ने बातों ही बातों में अपने दिल की बात मुकेश के सामने रख दी. वहीं, मुकेश ने सहजप्रीत को इस बात का भरोसा दिला दिया कि वह बड़ी आसानी से सहजप्रीत को उसके सपनों के शहर मले‍शिया भेज सकता है,  लेकिन इस काम में करीब एक लाख रुपए तक का खर्च आ सकता है. 

यह भी पढ़ें: आज भी यहां लगता है ‘औरतों का बाजार’, विदेशों से लाई जाती हैं लड़कियां, जबरन शादी के लिए लगती है दुल्हन की बोली

घर वापसी की जिद पर पासपोर्ट पर लगाई फर्जी मोहरचूंकि, सहजप्रीत अब तक मुकेश पर पूरा भरोसा करने लगा था, लिहाजा उसने एक लाख रुपए देने के लिए हामी भर दी. कुछ ही दिनों बाद सहजप्रीत का वीजा आ गया. 2022 के अंत में सहजप्रीत बड़े अरमानों के साथ आईजीआई एयरपोर्ट से थाईलैंड के लिए रवाना भी हो गया. थाईलैंड पहुंचने के बाद सहजप्रीत करीब 20 दिनों तक वहां रहा. इसके बाद, मुकेश ने अपनी साथियों के साथ मुकेश को मलेशिया भेज दिया. कुछ दिनों के ही बाद सहजप्रीत का मन मलेशिया से भर गया और वह बार-बार घर वापस जाने की जिद करने लगा. 

यह भी पढ़ें: सपने के नाम पर हड़पे ₹20 लाख, एक से दूसरे मुल्क भटकते रहा शख्‍स, वतन वापसी पर मिली जेल, अब सबको…

मलेशिया से थाईलैंड पहुंचते ही डिपोर्ट किया गया सहजसहजप्रीत की इस जिद पर मुकेश ने उसके पासपोर्ट पर मलेशिया की फर्जी इमीग्रेशन स्‍टैंप लगाकर थाईलैंड भेज दिया. वहीं, थाईलैंड में मुकेश की हरकत पकड़ी गई ओर सहजप्रीत को आईजीआई एयरपोर्ट के लिए डिपोर्ट कर दिया. दिल्‍ली पहुंचने के बाद सहजप्रीत को गिरफ्तार कर लिया गया. इमीग्रेशन जांच में पाया गया कि पासपोर्ट के एक पेज के साथ न केवल छेड़छाड़ की गई है, बल्कि उस पेज पर मलेशिया का जाली इमीग्रेशन स्‍टैंप लगा हुआ था. पूछताछ के दौरान, सहजप्रीत ने अब तक की पूरी कहानी पुलिस से बयां कर दी. 

यह भी पढ़ें: सालों पहले हुए गुनाह से दुबई में हुआ सामना, हकीकत जान UAE से किए गए दफा, दिल्‍ली में पहले हुई गिरफ्तारी और अब..

आईजीआई एयरपोर्ट ने गिरफ्तार किया मास्‍टरमाइंडसहजप्रीत के खुलासे के बाद आईजीआई एयरपोर्ट पुलिस ने आरोपी मुकेश के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी. आरोपी मुकेश की गिरफ्तारी के लिए एसएचओ विजेंद्र राणा के नेतृत्‍व में टीम गठित कर छापेमारी शुरू की गई. जल्‍द ही पुलिस ने आरोपी को उसके एक ठिकाने से गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ में आरोपी ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है. पुलिस अब यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी मुकेश ने सहजप्रीत के अलावा और कितने लोगों को अपने जाल में फंसाकर जेल भेजा है. 
.Tags: Airport Diaries, Airport Security, Delhi airport, Delhi police, IGI airportFIRST PUBLISHED : February 9, 2024, 07:31 IST



Source link