दहेज मृत्यु के मामलों में 2023 में 6,156 लोगों की मौत हुई, जिनमें से उत्तर प्रदेश ने फिर से शीर्ष स्थान हासिल किया, जिसमें 2,122 मौतें हुईं। इसके बाद बिहार में 1,143 मौतें हुईं। दहेज को देशभर में 833 हत्या के मामलों में कारण के रूप में दर्ज किया गया था।
दहेज प्रतिबंध अधिनियम के तहत, 2023 में 83,327 मामले अदालत में चल रहे थे, जिनमें से 69,434 पिछले वर्षों से लेकर आ गए थे। इसी अधिनियम के तहत 27,154 गिरफ्तारियां हुईं, जिनमें 22,316 पुरुष और 4,838 महिलाएं शामिल थीं।
इस साल 13 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में दहेज के मामले नहीं दर्ज हुए, जिनमें पश्चिम बंगाल, गोवा, अरुणाचल प्रदेश, लद्दाख और सिक्किम शामिल हैं।

