आगरा में मोहब्बत का खौफनाक अंत: प्रेमिका ने पेट्रोल डालकर जिंदा जलाया, 80% झुलस चुके ऑटो चालक की मौत
आगरा में एक दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है, जिसमें एक ऑटो चालक को उसकी ही प्रेमिका और उसके परिवार ने कथित तौर पर पेट्रोल डालकर जिंदा जला दिया. 80% झुलस चुके चांद ने 7 दिनों तक अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ी, लेकिन बुधवार रात उसकी सांसें थम गईं. मौत से गुस्साए परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए शव सड़क पर रखकर जाम लगा दिया. पुलिस अब फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है।
चांद और शबनम के बीच दो साल का प्रेम प्रसंग चल रहा था, लेकिन यह रिश्ता परिवारों के बीच तल्खी का कारण बन गया था. शबनम मूल रूप से मथुरा की रहने वाली थी और उसकी शादी आजमपाड़ा में हुई थी. पति की मौत के बाद वह अपने देवर के साथ रह रही थी. दोनों के रिश्ते को लेकर परिवारों में तल्खी थी, लेकिन यह दुश्मनी इस कदर बढ़ जाएगी कि किसी की जान ले ली जाए, यह किसी ने नहीं सोचा था।
घटना 27 फरवरी की रात को हुई थी, जब चांद अपनी ड्यूटी खत्म कर घर की ओर बढ़ रहा था. उसे अंदाजा भी नहीं था कि आजमपाड़ा रोड पर उसकी मौत का इंतजार किया जा रहा है. परिजनों के मुताबिक, रास्ते में उसकी कथित प्रेमिका शबनम, उसकी मां, भाई और एक अन्य शख्स ने उसे घेर लिया. पहले तीखी बहस हुई, फिर नफरत ने वो रूप लिया जिसने रूह कंपा दी.
आरोप है कि विवाद के दौरान आरोपियों ने चांद को उसके ऑटो से खींच लिया. उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई और फिर उसे पेट्रोल छिड़क कर आग के हवाले कर दिया गया. आग की लपटों में घिरा चांद सड़क पर तड़पता रहा और आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए. स्थानीय लोगों की मदद से उसे एसएन मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए प्राइवेट अस्पताल रेफर किया गया. 80 प्रतिशत झुलस चुके चांद ने बुधवार रात दम तोड़ दिया।
चांद के भाई शबीर ने बताया कि चांद और शबनम के बीच पिछले दो साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था. शबनम की शादी आजमपाड़ा में हुई थी और पति की मौत के बाद वह अपने देवर के साथ रह रही थी. दोनों के रिश्ते को लेकर परिवारों में तल्खी थी, लेकिन यह दुश्मनी इस कदर बढ़ जाएगी कि किसी की जान ले ली जाए, यह किसी ने नहीं सोचा था।
चांद की मौत के बाद गुरुवार सुबह गुस्साए परिजनों का सब्र टूट गया. परिजनों ने शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया. उनका सीधा आरोप है कि पुलिस ने शुरुआती जांच में शबनम और उसकी मां नगीना को हिरासत में लिया था, लेकिन बाद में बिना किसी ठोस कार्रवाई के छोड़ दिया. परिजनों का कहना है कि आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं और उन्हें धमकियां दे रहे हैं।
पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा और आरोपियों की तलाश में जुट गई है। एसीपी लोहामंडी गौरव सिंह ने मौके पर पहुंचकर आश्वासन दिया, तब जाकर जाम खुला. फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

