गाजीपुर: CAT 2025 का एग्जाम कल होने वाला है. गाजीपुर के रहने वाले और IIM Trichy के छात्र आकाश त्रिपाठी ने लोकल 18 से बातचीत में बताया कि CAT मुश्किल नहीं होता, लेकिन प्रेशर में छात्र अपना स्कोर गिरा देते हैं. उन्होंने बताया कि बहुत लोग के मॉक टेस्ट में 90-95 पर्सेंटाइल लाए थे, लेकिन असली परीक्षा में पहले प्रयास में सिर्फ 30-35 पर्सेंटाइल ही आए, सिर्फ इसलिए कि वे प्रेशर हैंडल नहीं कर पाए.
आकाश कहते हैं कि CAT का 70% हिस्सा तो काउंटिंग, बेसिक मैथमेटिक्स और लॉजिक है. बाकी सब रीजनिंग और कॉमनसेंस है, लेकिन असली गेम दिमाग को शांत रखने का है. आकाश ने सलाह दी कि लोगों की बातों में न आएं. इवनिंग स्लॉट वाले स्टूडेंट जो परीक्षा देकर बाहर आते हैं, उनकी बातों से बिल्कुल प्रभावित न हों. उनसे डर लगता है और दिमाग ब्लॉक हो जाता है. लास्ट-मिनट में नई चीज न पढ़ें.
आखिरी समय में ना करें ये गलती
आकाश खुद कहते हैं कि मैंने आखिरी समय में यूट्यूब की मदद से सिर्फ फॉर्मूले और रिवीजन किया था, यही सबसे असरदार तरीका है. फॉर्मूला रिवीजन CAT में 30-40% स्कोर बचा लेता है. बस ये याद रखिए कि सॉल्विंग से अधिक फॉर्मूला री-कॉल मायने रखता है. आकाश कहते हैं कि CAT अभ्यर्थियों का आधा समय इसी चिंता में जाता है कि कौन-सी कोचिंग लें, किस परसेंटाइल पर कौन-सा IIM मिलेगा, क्या बिना कोचिंग CAT निकलेगा?
‘टॉप करने की मत सोचिए’
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि परसेंटाइल के चक्कर में मत पड़िए. पहले पेपर निकालिए, बाद में कॉलेज सोचिए. बहुत स्टूडेंट IIM में दाखिला लेकर भी पहले साल में ड्रॉप कर देते हैं. लाइफ में और भी बड़े मौके मिलते हैं. CAT में टॉप करने की नहीं, सही खेलने की जरूरत है. दिमाग शांत, फॉर्मूला याद और सवाल चुनने की समझ, ये तीन चीजें पेपर निकाल देती हैं.

