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भारत के 3 महान क्रिकेटर, जिन्हें डेब्यू से संन्यास तक कभी नहीं किया गया टीम इंडिया से ड्रॉप



भारत के 3 महान क्रिकटर ऐसे हैं, जिन्हें डेब्यू करने से लेकर रिटायर होने तक कभी भी फॉर्म के कारण टीम इंडिया से ड्रॉप नहीं किया गया है. क्रिकेट के मैदान पर ये तीनों ही दिग्गज क्रिकेटर राज करते थे. जब ये तीनों क्रिकेटर मैदान पर उतरते थे तो फैंस की भीड़ उनका प्रदर्शन देखने के लिए स्टेडियम में उमड़ पड़ती थी. आलम ये था कि इन 3 खिलाड़ियों के खेलने या नहीं खेलने के आधार पर मैच की टिकटों के दाम तय होते थे. भारत ही नहीं बल्कि दुनिया के हर क्रिकेट फैन के दिलों में ये तीन महान क्रिकेटर्स अभी भी राज करते हैं. आइए एक नजर डालते हैं भारत के इन 3 महान क्रिकेटर्स पर-
1. सचिन तेंदुलकर
भारत के महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर को डेब्यू करने से लेकर रिटायर होने तक कभी भी फॉर्म के कारण टीम इंडिया से ड्रॉप नहीं किया गया है. सचिन तेंदुलकर ने अपने करियर के कुछ मैच चोट के कारण नहीं खेले. वहीं, अपने करियर के अंतिम पड़ाव पर सचिन तेंदुलकर को वर्कलोड मैनेजमेंट के तहत कुछ मैचों में आराम दिया गया था. सचिन तेंदुलकर के साथ ऐसा कभी नहीं हुआ, जब उन्हें खराब फॉर्म के चलते टीम इंडिया से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया हो. सचिन तेंदुलकर ने 15 नवंबर 1989 को अपना पहला इंटरनेशनल मैच खेला था. 24 साल वर्ल्ड क्रिकेट में राज करने के बाद सचिन तेंदुलकर ने 14 नवंबर 2013 को अपना आखिरी इंटरनेशनल मैच खेला था. सचिन तेंदुलकर ने इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा 34357 रन और 100 शतक बनाए हैं और उनके इस वर्ल्ड रिकॉर्ड को तोड़ना किसी भी बल्लेबाज के लिए नामुमकिन के बराबर है.
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2. सुनील गावस्कर
अपने जमाने के महान बल्लेबाज और पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर को कभी भी फॉर्म के कारण टीम इंडिया से ड्रॉप नहीं किया गया है. सुनील गावस्कर के खेलने या नहीं खेलने के आधार पर मैच की टिकटों के दाम तय होते थे. सुनील गावस्कर का इंटरनेशनल क्रिकेट करियर 16 साल तक चला, लेकिन कभी भी वह फॉर्म के आधार पर टीम इंडिया से बाहर नहीं निकाले गए. सुनील गावस्कर ने 1971 में अपने इंटरनेशनल क्रिकेट करियर का आगाज किया था और 1987 में उन्होंने रिटायरमेंट ले लिया. सुनील गावस्कर ने इस दौरान टीम इंडिया में अपनी जगह बनाए रखी. सुनील गावस्कर के नाम भारत के लिए 125 टेस्ट मैचों में 10,125 रनों का रिकॉर्ड है, जिसमें 34 शतक और 45 अर्धशतक शामिल हैं. इसके बाद सुनील गावस्कर के इस रिकॉर्ड को सचिन तेंदुलकर ने तोड़ा था. सुनील गावस्कर ने भारत के लिए 108 वनडे मैचों में 3092 रन भी बनाए हैं. वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में सुनील गावस्कर के नाम एक शतक और 27 अर्धशतक जड़ने का रिकॉर्ड है.
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3. महेंद्र सिंह धोनी
भारत के महान कप्तान महेंद्र सिंह धोनी को कभी भी फॉर्म के कारण टीम इंडिया से ड्रॉप नहीं किया गया है. हालांकि महेंद्र सिंह धोनी ने अपने करियर के कुछ मैच चोट के कारण नहीं खेले. महेंद्र सिंह धोनी ने अपनी कप्तानी में आईसीसी की तीन बड़ी ट्रॉफी पर कब्जा जमाया है. महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में टीम इंडिया ICC टी20 वर्ल्ड कप 2007, वनडे क्रिकेट वर्ल्ड कप 2011 और ICC चैम्पियंस ट्रॉफी 2013 की ट्रॉफी जीत चुकी है. धोनी की कप्तानी में इसके अलावा टीम इंडिया साल 2009 में पहली बार टेस्ट में नंबर-1 बनी थी. महेंद्र सिंह धोनी ने 23 दिसंबर 2004 में उन्होंने बांग्लादेश के खिलाफ वनडे मैच के जरिए अपने अंतरराष्ट्रीय करियर का आगाज किया था. अगस्त 2020 में महेंद्र सिंह धोनी ने इंटरनेशनल क्रिकेट से भी संन्यास का ऐलान कर दिया. इंटरनेशनल क्रिकेट में धोनी आखिरी बार वर्ल्ड कप 2019 के दौरान खेलते नजर आए थे. धोनी ने भारत के लिए 350 वनडे मैचों में 50.57 की औसत से 10773 रन बनाए हैं, जिसमें 10 शतक और 73 अर्धशतक शामिल हैं. धोनी ने 90 टेस्ट मैचों में 4876 रन बनाए हैं, जिसमें 6 शतक और 33 अर्धशतक शामिल हैं. इसके अलावा धोनी ने 98 टी20 इंटरनेशनल मैचों में 1617 रन बनाए हैं, जिसमें 2 अर्धशतक शामिल हैं.



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