खाद्य विभाग से जुड़े लोगों के अनुसार त्योहारों के इस मौसम में सबसे ज्यादा दूध की खपत होने के कारण दूध में जमकर मिलावट होती है. दूध में वनस्पति, यूरिया, डिटर्जेंट और फार्मलीन की मिलावट की जाती है. इससे पेट दर्द, अल्सर और लीवर की बीमारी होती है. एक टेस्ट ट्यूब में दूध लेकर समान मात्रा में हाइड्रो क्लोरिक एसिड मिलाते हुए गर्म करें. लाल रंग आता है तो वनस्पति की मिलावट है. परखनली में दूध लेकर यूरियेज एन्जाइम डालकर अच्छी तरह हिलाएं और पांच बूंद पोटेशियम कार्बोनेट मिलाकर फिल्टर पट्टी पर कार्क से ढक दें. फिल्टर पेपर का रंग यदि पहले लाल फिर हरा हो जाए तो यूरिया की मिलावट है.
Source link
एपीएसपीडीसीएल का लक्ष्य 14 अप्रैल तक 25,000 छत पर सौर ऊर्जा इकाइयों को प्राप्त करना है
तिरुपति: आंध्र प्रदेश दक्षिणी विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड (एपीएसपीडीसीएल) ने 14 अप्रैल तक अपने अधिकार क्षेत्र में 25,000…

