प्रोटीन हमारे शरीर के लिए एक जरूरी पोषक तत्व है, मसल्स को बनाने से लेकर हड्डियों को मजबूत बनाने तक कई कामों में इसकी भूमिका महत्वपूर्ण है. लेकिन प्रोटीन कहां से पाएं, यही सवाल अक्सर लोगों को परेशान करता है. एनिमल सोर्स से मिलने वाला प्रोटीन (जैसे चिकन, अंडे, मछली) और पौधों से मिलने वाला प्रोटीन (जैसे दालें, बीज, सोयाबीन) – दोनों के ही अपने फायदे और नुकसान हैं. आइए जानते हैं प्रोटीन की इस पहेली को सुलझाने में क्या कहता है विज्ञान.
एनिमल प्रोटीन के फायदे: एनिमल प्रोटीन सभी जरूरी अमीनो एसिड प्रदान करता है, जो शरीर खुद नहीं बना पाता. ये अमीनो एसिड मसल्स के विकास और मरम्मत के लिए जरूरी होते हैं. एनिमल प्रोटीन का पाचन और अब्जॉर्ब आसान होता है, शरीर जल्दी से इसका लाभ उठा सकता है. इसके अलावा, एनिमल प्रोटीन सोर्स में विटामिन B12, जिंक, आयरन आदि कई जरूरी पोषक तत्व मौजूद होते हैं.एनिमल प्रोटीन के नुकसान- अधिक मात्रा में एनिमल प्रोटीन से सेचुरेटेड फैट और कोलेस्ट्रॉल का भी सेवन बढ़ सकता है, जो दिल की बीमारी के खतरे को बढ़ा सकते हैं.- कुछ लोगों को एनिमल प्रोटीन का पाचन मुश्किल होता है, जिससे गैस, पेट फूलना आदि समस्याएं हो सकती हैं.- पशु पालन पर्यावरण पर काफी बोझ डालता है, मीथेन गैस उत्सर्जन से इसका जलवायु परिवर्तन में भी योगदान होता है.
पौधों से मिलने वाले प्रोटीन के फायदे: पौधों के प्रोटीन सोर्स में आमतौर पर हेल्दी फैट और फाइबर अधिक होता है, जो दिल की सेहत के लिए फायदेमंद है. पौधों में कोलेस्ट्रॉल नहीं होता, इसलिए दिल के मरीजों के लिए ये अच्छे विकल्प हो सकते हैं. इसके अलावा, पौधों से प्रोटीन का उत्पादन पशु पालन की तुलना में पर्यावरण को कम नुकसान पहुंचाता है.
पौधों से मिलने वाले प्रोटीन के नुकसान- ज्यादातर पौधों के प्रोटीन सोर्स में कुछ जरूरी अमीनो एसिड की कमी होती हैं. हालांकि, विभिन्न अनाज और दालों को मिलाकर सभी जरूरी अमीनो एसिड्स प्राप्त किए जा सकते हैं.- एनिमल प्रोटीन के समान मात्रा में पौधों से उतना ही प्रोटीन मिलना मुश्किल हो सकता है.- कुछ पौधों के प्रोटीन सोर्स में आयरन, जिंक आदि जरूरी पोषक तत्व कम मात्रा में पाए जाते हैं.
आपके लिए क्या है बेस्ट?वास्तव में, यह कहना मुश्किल है कि कौन सा प्रोटीन बेहतर है. यह आपकी पर्सनल जरूरतों और प्राथमिकताओं पर निर्भर करता है. यदि आप अपने दिल की सेहत का ध्यान रखना चाहते हैं और पर्यावरण के बारे में चिंतित हैं, तो पौधों से मिलने वाले प्रोटीन को अपनी डाइट में अधिक शामिल करना फायदेमंद हो सकता है. लेकिन अगर आप अपनी डाइट में विभिन्न प्रकार के पोषक तत्व शामिल करना चाहते हैं, तो जानवरों से मिलने वाले प्रोटीन को भी कभी-कभार शामिल किया जा सकता है.
Disclaimer: प्रिय पाठक, हमारी यह खबर पढ़ने के लिए शुक्रिया. यह खबर आपको केवल जागरूक करने के मकसद से लिखी गई है. हमने इसको लिखने में घरेलू नुस्खों और सामान्य जानकारियों की मदद ली है. आप कहीं भी कुछ भी अपनी सेहत से जुड़ा पढ़ें तो उसे अपनाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें.
बेरोजगार युवाओं के लिए मौका, सरकार बिना ब्याज के दे रही 5 लाख तक का लोन, गारंटी की भी जरूरत नहीं
Last Updated:February 02, 2026, 12:38 ISTCM Yuva Udhami Yojna: उत्तर प्रदेश सरकार युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए…

