Uttar Pradesh

अस्त्रो टिप्स : रहस्यमय लेकिन मजबूत…17 फरवरी को जन्मे बच्चों में ये गुण आने तय, किस अक्षर से नाम रखना शुभ, जानें

अयोध्या. सनातन धर्म में ग्रह नक्षत्र और शुभ मुहूर्त का विशेष प्रभाव होता है. शुभ मुहूर्त के अनुसार किया गया कार्य शुभ फल प्रदान करता है. ज्योतिष गणना के अनुसार प्रतिदिन ग्रह नक्षत्र की स्थिति में बदलाव होता है, जिसका प्रभाव व्यक्ति के जीवन पर भी सकारात्मक और नकारात्मक तौर पर देखने को मिलता है. आज 17 फरवरी है और आज के दिन ग्रह नक्षत्र की कैसी स्थिति रहेगी, इसका जन्म लेने वाले बच्चों पर कैसा प्रभाव पड़ेगा, इन सवालों का जवाब जानने के लिए लोकल 18 अयोध्या के आचार्य सीताराम दास के पास पहुंचे. आचार्य सीताराम दास बताते हैं कि 17 फरवरी 2026 का दिन ज्योतिषीय दृष्टि से विशेष महत्त्व रखता है. इस दिन जन्म लेने वाले बच्चों पर ग्रह-नक्षत्रों का प्रभाव उनके स्वभाव, व्यक्तित्व और भविष्य की दिशा को निर्धारित करेगा. पंचांग के अनुसार इस तिथि पर चंद्रमा की स्थिति और योग बच्चों के जीवन में विशिष्ट गुणों का विकास करेगी.

आज धनिष्ठा नक्षत्र रात 9:16 बजे तक रहेगा, जिसके बाद शतभिषा नक्षत्र प्रारंभ हो जाएगा. चंद्रमा पूरे दिन कुंभ राशि में संचरण करेगा. तिथि शुक्ल पक्ष प्रतिपदा होगी, जबकि परिघ योग और किंस्तुघ्न करण का संयोग बन रहा है. यह योग संयोजन बच्चों को मानसिक रूप से मजबूत, स्वतंत्र सोच वाला और नवीन विचारों को अपनाने वाला बनाता है. धनिष्ठा नक्षत्र में जन्म लेने वाले बच्चे सामान्यतः ऊर्जावान, साहसी और नेतृत्व क्षमता से भरपूर होते हैं. उनमें अनुशासन के साथ-साथ सफलता प्राप्त करने की तीव्र इच्छा होती है. ये बच्चे संगीत, खेल, प्रशासन, सेना या तकनीकी क्षेत्रों में विशेष उपलब्धि हासिल कर सकते हैं. समाज में अपनी अलग पहचान बनाने की प्रवृत्ति इनका प्रमुख गुण होती है.

शतभिषा नक्षत्र में जन्म लेने वाले बच्चे रहस्यमय, अनुसंधानप्रिय और गहरी सोच रखने वाले होते हैं. ये विज्ञान, चिकित्सा, आईटी, शोध, खगोल विज्ञान या सामाजिक सुधार से जुड़े क्षेत्रों में आगे बढ़ सकते हैं. शतभिषा नक्षत्र के जातक मानव कल्याण और समाज के लिए कुछ नया करने की भावना रखते हैं. कुंभ राशि में जन्मे बच्चों का स्वभाव स्वतंत्र, प्रगतिशील और मानवतावादी होता है. ये परंपराओं से हटकर नई सोच के साथ आगे बढ़ते हैं और समाज में बदलाव लाने का साहस रखते हैं. मित्रता निभाने में कुशल, लेकिन आत्मसम्मान के प्रति अत्यंत सजग होते हैं. ये बच्चे तकनीक, नवाचार, सामाजिक सेवा और रचनात्मक क्षेत्रों में विशेष रुचि दिखाते हैं.

नामकरण की दृष्टि से इस दिन जन्मे बच्चों के लिए शुभ अक्षर हैं- धनिष्ठा नक्षत्र के लिए गा, गी, गु, गे, गो, सा, सी, सू और शतभिषा नक्षत्र के लिए गो, सा, सी, सू, से, सो, दा, दी. इन अक्षरों से शुरू होने वाले नाम बच्चों के जीवन में सकारात्मक ऊर्जा, सफलता और संतुलन लाने वाले माने जाते हैं.

You Missed

Scroll to Top