Uttar Pradesh

चित्रकूट में 16 स्कूलों में छात्रों के लिए स्थापित होंगी अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं, मिलेगा रोजगार कौशल!

चित्रकूट. धर्मनगरी में अब शिक्षा का स्वरूप तेजी से बदलने जा रहा है, पारंपरिक पढ़ाई के साथ-साथ अब छात्रों को रोजगारपरक शिक्षा से जोड़ने की ठोस पहल की गई है.  इसके तहत माध्यमिक शिक्षा के सरकारी और अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा को मजबूती देने के लिए जिले के 16 विद्यालयों में अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएगी. इन प्रयोगशालाओं को आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित किया जाएगा, ताकि छात्र-छात्राएं केवल किताबों तक सीमित न रहकर व्यवहारिक ज्ञान भी अर्जित कर सकें.

जानकारी के लिए बता दें कि इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत करीब 80 लाख रुपये की लागत से उपकरणों की खरीद की जाएगी. समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत संचालित केंद्र पोषित व्यावसायिक शिक्षा योजना में वर्ष 2025-26 के लिए चित्रकूट के 16 विद्यालयों का चयन किया है. इनमें 12 राजकीय और चार अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालय शामिल हैं. प्रत्येक विद्यालय में दो ट्रेड संचालित किए जाएंगे, यानी कुल 32 ट्रेडों के लिए प्रयोगशाला उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे, हर ट्रेड के लिए 2.50 लाख रुपये की दर से बजट स्वीकृत किया गया है.

जिला विद्यालय निरीक्षक ने दी जानकारी

इस संबंध में जिला विद्यालय निरीक्षक रविशंकर ने लोकल 18 को जानकारी देते हुए बताया कि इस पहल का उद्देश्य छात्रों को प्रारंभ से ही कौशल आधारित शिक्षा से जोड़ना है, ताकि वे पढ़ाई के साथ-साथ रोजगार की दिशा में भी तैयार हो सकें. उन्होंने कहा कि आधुनिक लैब स्थापित होने के बाद छात्र तकनीकी और व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे, जिससे उनकी रोजगार क्षमता में वृद्धि होगी. अब छात्र केवल सैद्धांतिक परीक्षा की तैयारी तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि मशीनों, उपकरणों और तकनीकी संसाधनों के साथ प्रत्यक्ष प्रशिक्षण भी प्राप्त कर सकेंगे.

इन विद्यालयों में होंगी लैब

उन्होंने आगे जानकारी देते हुए बताया कि इस लैब योजना के लिए चयनित राजकीय विद्यालयों में जीजीआईसी मानिकपुर, जीएचएस मंडौर, जीएचएस भरतकूप, जीएचएस अशोह, जीएचएस रौली कल्यानपुर, जीएचएस सूरसेन, जीएचएस इटवां डुडैला, जीएचएस सिरावल, एवीएस सरधुवा, जीएचएस बड़ी मडैयन और जीएचएस बियावल शामिल हैं. वहीं अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में सीआईसी कर्वी, केआईसी भौरी, जेपीजेआईसी कर्वी और एआईसी मानिकपुर को इस योजना में शामिल किया गया है. उपकरणों की खरीद जैम पोर्टल के माध्यम से की जाएगी.

Source link

You Missed

Scroll to Top