Last Updated:January 23, 2026, 21:40 ISTउत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में किसान अब अपनी आमदनी दोगुनी करने की सोच रहे हैं. बढ़ती दूध की मांग और कम लागत में अधिक मुनाफा कमाने के अवसर ने ग्रामीण युवाओं को डेयरी फार्मिंग की ओर आकर्षित कर दिया है. सरकार द्वारा दिए जा रहे अनुदान के साथ, यह समय किसानों के लिए नए अवसर और सशक्त आय का स्रोत बन रहा है.ख़बरें फटाफटलखीमपुर खीरी. उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले में किसान अपनी आय को दोगुनी करने के लिए पशुपालन पर अधिक जोर दे रहे हैं. कम लागत में अधिक मुनाफा पशुपालन के माध्यम से कमाया जा सकता है बाजारों में बढ़ रहे दूध की डिमांड को देखते हुए ग्रामीण क्षेत्र में युवा इस समय डेयरी फार्मिंग की और आकर्षित हो रहे हैं ऐसे में किसानों को अनुदान भी दिया जा रहा है जिससे किसान अनुदान के माध्यम से पशुपालन कर लाखों रुपए की कमाई आसानी से कर सकें.
वही, सबसे अधिक समस्या पशुओं की देखभाल और रखरखाव की होती है. सर्दी और बरसात के मौसम में पशु बीमार होने लगते हैं जिस कारण सही ढंग से अगर उनका इलाज नहीं हो सका तो उनकी मृत्यु भी हो सकती है. ऐसे में आपको आर्थिक नुकसान भी होगा और सबसे अधिक समस्या गाय भैंस में खुरपका मुंहपका की होती है.
तुरंत करें डॉक्टर से संपर्क जानवरों में मुंहपका रोग होने के कारण तेज बुखार, मुंह और जीभ पर छाले, बहुत लार टपकना जैसी समस्या हो जाती है, जिस कारण जानवर चारा नहीं खा पाते हैं. यह एक ऐसा रोग है कि अगर समय से ध्यान नहीं दिया गया, तो दूसरे भी जानवर को हो सकता है. अगर आपकी भी जानवर में ऐसी समस्या दिखाई देती हो तो तुरंत अपने नजदीकी डॉक्टर से संपर्क कर सकते हैं,
ये है लक्ष्णखुरपका रोग गाय भैंस घोड़ा के पैरों में हो जाता है खुरों के बीच घाव, लंगड़ाना, और खाने-पीने में दिक्कत हैं, जिससे पशु सुस्त हो जाता है वायरस के शरीर में जाने के 3 से 7 दिनों के भीतर लक्षण दिखने लगते हैं. गोवंश के पानी में खड़े होने के कारण बीमारी की आशंका बढ़ती है. पशुओं में तेज बुखार, मुंह में घाव होना,चारा न खाना और त्वचा में दानें निकलना यह खुरपका और मुंहपका के लक्ष्ण हो सकते हैं.
निशुल्क होगा टीकाकरणसीवीओ डॉ. दिनेश कुमार सचान ने जानकारी देते हुए बताया कि ब्लॉकों पर टीमें गठित हैं, जो डोर-टू-डोर पशुओं का टीकाकरण करेंगी. खीरी जिले में कुल 15 ब्लॉक है. 45 दिन तक लगातार यह अभियान चलेगा. वहीं, 10 मार्च को टीकाकरण अभियान का समापन किया जाएगा. प्रत्येक विकासखंड में तीन टीम गठित की गई है निशुल्क में टीकाकरण किया जाएगा. जिले में इस बार 6. 98 लाख पशुओं का टीकाकरण किया जाएगा जिससे खुर पका और मुंह पका जैसी बीमारी से छुटकारा मिल सकेगा.About the AuthorMadhuri Chaudharyपिछले 4 साल से मीडिया इंडस्ट्री में काम कर रही हूं और फिलहाल News18 में कार्यरत हूं. इससे पहले एक MNC में भी काम कर चुकी हूं. यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश की बीट कवर करती हूं. खबरों के साथ-साथ मुझे…और पढ़ेंLocation :Lakhimpur,Kheri,Uttar PradeshFirst Published :January 23, 2026, 21:40 ISThomelifestyleपशुओं की बीमारियों पर रोक, सरकार की नई पहल किसानों के लिए, जानिए खास बातें

