WTC: वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का नया चक्र शुरू हो चुका है. 20 जून से भारत और इंग्लैंड की टीमें भी एक-दूसरे को टक्कर देने उतरेंगी. लेकिन इससे पहले टेस्ट क्रिकेट में बदलाव को लेकर बड़ी खबर आ रही है. टेस्ट क्रिकेट अब 5 दिन नहीं बल्कि 4 दिन तक ही चलेगा. खबर है कि अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) कथित तौर पर 2027-29 ICC विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप चक्र से चार दिवसीय टेस्ट खेलने की अनुमति देने के लिए तैयार है. इस फैसले का उद्देश्य छोटी टीमों को अधिक टेस्ट खेलने और लंबी श्रृंखलाओं की मेजबानी करने में सक्षम बनाना है.
खेली जाएंगी 27 टेस्ट सीरीज
आज से शुरू हुए मौजूदा WTC चक्र के अनुसार 27 टेस्ट सीरीज खेली जाएंगी. जिनमें से 17 सीरीज में महज दो टेस्ट की होंगी. छह तीन टेस्ट की सीरीज होंगी, जबकि भारत, ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड जैसी टीमें एक-दूसरे के खिलाफ पांच मैचों की सीरीज खेलेंगी. द गार्जियन की एक रिपोर्ट के अनुसार, ICC के चेयरमैन जय शाह ने द्विपक्षीय मैचों के लिए चार दिवसीय टेस्ट के लिए अपना समर्थन दिखाया है.
दिखा मैथ्यूज के बयान का असर
श्रीलंका के ऑलराउंडर एंजेलो मैथ्यूज ने अपने विदाई टेस्ट पर आईसीसी से बड़ी डिमांड रख दी थी. उन्होंने हाल ही में भारत, ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के अलावा अन्य टीमों के लिए टेस्ट क्रिकेट की कमी पर दुख जताया. 2025 में, श्रीलंका को केवल चार टेस्ट खेलने हैं. उन्होंने इसे अपने संन्यास की वजह भी बताया. उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि कम से कम श्रीलंका को भी साल में 10 टेस्ट खेलने चाहिए. भारत, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी टीमें साल में 15-15 टेस्ट खेलती हैं.
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चार दिवसीय टेस्ट को 2017 में मिली मंजूरी
ICC ने पहली बार 2017 में चार दिवसीय टेस्ट को मंजूरी दी थी जब दक्षिण अफ्रीका ने जिम्बाब्वे की मेजबानी की थी. इंग्लैंड ने 2019 और 2023 में आयरलैंड के खिलाफ दो चार दिवसीय टेस्ट मैच खेले हैं और हाल ही में जिम्बाब्वे की मेजबानी की है. चार दिवसीय टेस्ट में, एक दिन के खेल के दौरान 98 ओवर फेंके जाने होते हैं जबकि पांच दिन के टेस्ट में एक दिन में ओवर लिमिट 90 की होती है.
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