Last Updated:February 11, 2025, 11:10 ISTMahakumbh 2025 News: दिनेश जैसे-तैसे 20 किलोमीटर का सफर पैदल तय किया और संगम तट पर पहुंचे. इसके बाद जब वो वहां से अपने दोस्तों के साथ निकले तो उन्होंने इतनी थकान के बाद आराम करने को सोचा. इसके लिए जब उन्होंने ह…और पढ़ेंमहाकुंभ से लौटे श्रद्धालु ने बताई आपबीती.हाइलाइट्सप्रयागराज में माघ पूर्णिमा के स्नान से पहले एक बार फिर लोगों का हुजुम उमड़ पड़ा है.दूर-दराज से आने वाले लोगों को संगम तक पहुंचने के लिए चलना पड़ रहा 20किलोमीटर पैदल.प्रयागराज शहर में होटल के कमरे 5000 रुपये एक घंटे का.प्रयागराजः उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के संगम तट पर आयोजित महाकुंभ में एक बार फिर भीड़ उमड़ पड़ी है. आलम यह है कि सड़कों पर गाड़ियों की लंबी कतारे हैं. लोग प्रयागराज शहर के अंदर 20-20 किलोमीटर तक पैदल चलकर संगम तट पहुंच रहे हैं. ऐसे सैकड़ों-हजारों लोग हैं, जो अपनों को लेकर शहर के अंदर और बाहर फंसे हुए हैं. जहां कुछ सौ रुपये तक में कमरे मिल जाते थे, वहां अब हजारों रुपये में कमरे मिल रहे हैं. ये कोई गढ़ी हुई कहानी नहीं है. बल्कि महाकुंभ से लौटकर आए एक श्रद्धालु की कहानी है, जिन्होंने न्यूज18 से अपना अनुभव शेयर किया है.
दिनेश राणा नाम के शख्स बीते शुक्रवार को अपने कुछ दोस्तों को साथ महाकुंभ के लिए बस से निकले थे. वैसे तो आमतौर पर जब आप दिल्ली से प्रयागराज के लिए बस या गाड़ी से जाएंगे तो औसतन 10 से 12 घंटे लगते हैं या थोड़ा बहुत कम-ज्यादा भी वक्त लग जाते हैं. लेकिन दिनेश राणा रविवार की सुबह पहुंचे, वो भी प्रयागराज शहर से बाहर यानी कि संगम तट से करीब 20 किलोमीटर. अब 20 किलोमीटर की दूरी तय करने के लिए उन्होंने साधन ढूंढना शुरू किया. लेकिन पहले तो कोई साधन नहीं मिला. लेकिन जब एक-दो ई-रिक्शा मिले तो 1000 रुपये से कम में जाने को तैयार नहीं हुए.
वहीं कुछ बाइक सवार भी थे, वो 500-600 रुपये की मांग कर रहे थे. दिनेश जैसे-तैसे 20 किलोमीटर का सफर पैदल तय किया और संगम तट पर पहुंचे. इसके बाद जब वो वहां से अपने दोस्तों के साथ निकले तो उन्होंने इतनी थकान के बाद आराम करने को सोचा. इसके लिए जब उन्होंने होटल ढूंढना शुरू किया तो, जहां होटलो के कमरों का किराया औसतन 1000 रुपये होना चाहिए, वो हर घंटे का 5000 रुपये मांग रहे थे.
दिनेश बताते हैं कि वो प्रयागराज में होटल ढूंढते रहे. लेकिन नहीं मिला. बाद में वो अपने दोस्तों के साथ घर जाने का फैसला किया. बस शहर के बाहरी इलाके में खड़ी थी. लोग बस पर चढ़ने के लिए आतुर थे. कोई ड्राइवर की सीट से भी घुसने की कोशिश कर रहे थे. उन्होंने बताया कि पानी के बोतल 20 रुपये का लेकिन चाय 50 रुपये तक की मिल रही थी.
First Published :February 11, 2025, 11:06 ISThomeuttar-pradesh5000 रुपये घंटे पर होटल, 50 रुपये की चाय, महाकुंभ जाने वाले शख्स ने बताई कहानी

