Sports

चैंपियंस ट्रॉफी पर आज होगा बड़ा ऐलान! ICC कर सकता है पाकिस्तान की किस्मत का फैसला



चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर लंबे समय से बीसीसीआई और पीसीबी आमने-सामने है. भारत अपनी क्रिकेट टीम पाकिस्तान भेजने के लिए तैयार नहीं है. दूसरी ओर, पीसीबी का इरादा टूर्नामेंट को हाइब्रिड मोड में बदलने का नहीं है, जिसमें भारत के मैच यूएई में होंगे. अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) आज यानी 29 नवंबर को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) के साथ मीटिंग करेगा. चैंपियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट को शुरू होने में अब तीन महीने से भी कम समय बचा है. ऐसे में चैंपियंस ट्रॉफी के आयोजन को लेकर इस मीटिंग में बड़ा फैसला लिया जा सकता है.
चैंपियंस ट्रॉफी पर आज होगा बड़ा ऐलान
आईसीसी बोर्ड आज चैंपियंस ट्रॉफी कहां और कैसे कराई जाए इस दुविधा को सुलझाने के लिए बैठक करेगा. इस समस्या को सुलझाने का सबसे पहले तरीका यह है कि चैंपियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट को हाइब्रिड मॉडल में आयोजित किया जाए, जिसमें अधिकतर मैच पाकिस्‍तान में हों, लेकिन जिन मैच में भारत खेलेगा वे मैच पाकिस्‍तान के बाहर हों. दूसरा विकल्‍प यह होगा कि पूरा टूर्नामेंट ही पाकिस्‍तान के बाहर कराया जाए लेकिन इसके मेजबानी राइट्स पीसीबी के पास ही रहेंगे. तीसरा विकल्‍प यह होगा कि पूरा टूर्नामेंट पाकिस्‍तान में बिना भारतीय टीम के कराया जाए.
ICC करेगा पाकिस्तान की किस्मत का फैसला
तीनों में से तीसरा विकल्‍प के चुने जाने की संभावना कम है, क्‍योंकि इससे टूर्नामेंट के वित्‍तीय और कमर्शियल पहलू पर प्रभाव पड़ेगा. पाकिस्‍तान में पीसीबी चेयरमैन मोहसिन नकवी के शब्‍दों के बाद हाइब्रिड मॉडल को अपनाए जाने की संभावना सबसे अधिक है. हाइब्रिड विकल्प के बारे में कई बार पूछे जाने पर नकवी ने केवल इतना कहा कि आईसीसी बोर्ड जो भी निर्णय लेगा, वह उस पर पाकिस्तान सरकार के साथ विचार-विमर्श करेंगे.
पाकिस्तान ने भारत को दी धमकी
हालांकि यह जरूरी नहीं कि रुख में नरमी आए, लेकिन यह उनके पिछले बयानों से अलग था जहां पर उन्‍होंने हाइब्रिड मॉडल को नकार दिया था. इसके बजाय, नकवी ने इस संभावना पर जोर दिया कि पाकिस्तान अब भारत में खेलने के लिए इच्छुक या सक्षम नहीं है, क्योंकि भारत अगले वर्ष महिला वर्ल्ड कप, 2025 में एशिया कप, 2026 में पुरुष टी20 वर्ल्ड कप और 2029 में चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी कर रहा है, जो आगे चलकर एक समस्‍या बनेगी.
पाकिस्तान इस टूर्नामेंट में भारत के साथ खेलेगा या नहीं?
नकवी ने यह नहीं बताया कि पाकिस्तान इस टूर्नामेंट में भारत के साथ खेलेगा या नहीं, क्योंकि एक ही ग्रुप में होने के कारण अगर हाइब्रिड मॉडल होता है तो उन्‍हें पाकिस्‍तान से बाहर यह मैच खेलना होगा. यहां मैच नहीं होने का मतलब टूर्नामेंट को एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक झटका भी होगा. नकवी ने बार-बार कहा, हम जो भी करेंगे, हम यह सुनिश्चित करेंगे कि पाकिस्तान के लिए सर्वोत्तम परिणाम प्राप्त हो. लेकिन मैं दोहराता हूं और मैं जानता हूं आप जानते हैं मैं क्‍या कहना चाहता हूं, यह संभव नहीं है कि पाकिस्तान भारत में खेले और वे यहां न आएं.
‘मेजबानी राइट्स नहीं बेचेंगे’
नकवी ने कहा कि पीसीबी किसी भी तरह के वित्‍तीय सेटलमेंट को नहीं देखेगा, अनौपचारिक चर्चा को खारिज किया कि पीसीबी एक हाइब्रिड मॉडल के बदले में एक भारी होस्टिंग शुल्क पर बातचीत करने की कोशिश कर सकता है. उन्‍होंने कहा, हम कुछ अधिक रकम के बदले अपने मेजबानी राइट्स नहीं बेचेंगे. यह कभी नहीं होगा, लेकिन हम वो करेंगे जो पाकिस्‍तान के लिए बेहतर हो. किसी भी इवेंट में जब वेन्‍यू में दो देश होंगे तो दोबारा से टूर्नामेंट का बजट बनेगा.
जल्दी से जल्दी समाधान निकालने का दबाव
यह ऑनलाइन बैठक होगी और अगर बोर्ड के बीच कोई निष्‍कर्ष नहीं निकलता है तो वोटिंग होगी. लेकिन टूर्नामेंट से पहले समय कम होता जा रहा है और इसकी तैयारियां शुरू होने के कारण जल्दी से जल्दी समाधान निकालने का दबाव रहेगा. बोर्ड जो विकल्प चुनता है, उसके आधार पर वैकल्पिक या अतिरिक्त स्थल का चयन करना होगा और आयोजन के लिए कार्यक्रम को अंतिम रूप देकर जारी करना होगा.
लाहौर और कराची स्टेडियम में तैयारी
इसके अलावा, लाहौर में गद्दाफी स्टेडियम और कराची में नेशनल स्टेडियम टूर्नामेंट के लिए तैयार होने की दौड़ में महत्वपूर्ण नवीनीकरण कार्य से गुजर रहे हैं. पीसीबी ने आईसीसी बोर्ड को आश्वासन दिया है कि इस साल के अंत तक ये आयोजन स्थल टूर्नामेंट के लिए तैयार हो जाएंगे.
भारत सरकार ने पाकिस्तान जाने की अनुमति नहीं दी
पाकिस्तान ने नवंबर 2021 में चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी के अधिकार जीते हैं और अगर यह योजना के मुताबिक चलता है, तो यह 1996 के वर्ल्ड कप के बाद से उनका पहला आईसीसी इवेंट होगा जिसकी वे मेजबानी करेंगे, लेकिन इसकी स्थिति तब गड़बड़ा गई जब बीसीसीआई ने इस महीने की शुरुआत में आईसीसी को सूचित किया कि उनकी टीम को भारत सरकार ने पाकिस्तान जाने की अनुमति नहीं दी है.
2008 के बाद से भारत ने पाकिस्तान का दौरा नहीं किया
यह कोई आश्चर्य की बात नहीं है, क्योंकि 2008 के बाद से किसी भी भारतीय टीम ने पाकिस्तान का दौरा नहीं किया है, उस साल मुंबई हमलों के बाद दोनों देशों के बीच संबंधों में खटास आ गई थी. तब से पाकिस्तान ने तीन बार भारत का दौरा किया है, 2012-13 में द्विपक्षीय सीरीज के लिए, 2016 में टी20 वर्ल्ड कप के लिए और हाल ही में 2023 में वनडे वर्ल्ड कप के लिए. यह दौरा केवल एक सरकारी समिति द्वारा मंजूरी दिए जाने के बाद हुआ जबकि कुछ विरोधी पार्टी के सदस्यों की ओर से काफ़ी विरोध किया गया था. पीसीबी को हाल में एशिया कप के लिए भी हाइब्रिड मॉडल में जाना पड़ा, लेकिन उन्‍हें उम्‍मीद है कि इस बार चैंपियंस ट्रॉफी के लिए भारत पाकिस्‍तान आएगा.



Source link

You Missed

Congress Alleges MH-CET Scam, Seeks Probe into ‘100 Percentile’ Scores
Top StoriesMay 20, 2026

कांग्रेस ने एमएच-सीईटी स्कैम का आरोप लगाया, ‘100 प्रतिशत’ स्कोर में जांच की मांग की

मुंबई: महाराष्ट्र कांग्रेस ने मंगलवार को यह चिंता जताई कि एमएच-सीईटी इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा के पेपर लीक हो…

Hezbollah uses children from scout movement as fighters, report claims
WorldnewsMay 20, 2026

हिज्बुल्लाह ने स्काउट मूवमेंट के बच्चों को लड़ाकू के रूप में इस्तेमाल किया, रिपोर्ट का दावा

सेक्रेटरी ऑफ स्टेट मार्को रुबियो ने एक विशेष इंटरव्यू में मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और क्यूबा के…

Pixabay
HollywoodMay 20, 2026

कुछ पुरुष अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निजी प्रक्रियाओं के लिए यात्रा क्यों करते हैं – हॉलीवुड लाइफ

बैंकॉक ने निजी स्वास्थ्य सेवा की पहुंच, अंतर्राष्ट्रीय रोगी सेवाएं, आतिथ्य इन्फ्रास्ट्रक्चर, और सापेक्ष रूप से कम खर्च…

Scroll to Top