आज के समय में कैंसर एक गंभीर समस्या है, जो दुनिया भर में लाखों लोगों को प्रभावित करती है. यह विश्व भर में लाखों लोगों को प्रभावित करता है और उनके जीवन को अस्थिर कर देता है. कैंसर कई विभिन्न कारणों से हो सकती है, जैसे कि खराब आहार, तनाव, धूम्रपान, अनहेल्दी लाइफस्टाइल और पर्यावरणीय फैक्टर. हालांकि, एक और कारण है जो कैंसर के जोखिम को बढ़ा सकता है, वो है युवावस्था में आलसी होना.
एक अध्ययन में पाया गया कि जो पुरुष जवानी में नियमित रूप से व्यायाम करते थे, उनमें कैंसर होने की संभावना 40% कम थी. अध्ययन में पाया गया कि कम उम्र में अच्छी कार्डियो रेस्पिरेटरी फिटनेस वाले लोगों में उम्र बढ़ने के साथ आंत, किडनी, लिवर, पैंक्रियाज और फेफड़ों के कैंसर होने की संभावना कम होती है. कार्डियो रेस्पिरेटरी फिटनेस से तात्पर्य किसी व्यक्ति की एरोबिक क्षमता से है, जो दौड़ना, साइकिल चलाना, तैराकी करना और सीढ़ियां चढ़ना जैसी गतिविधियों से विकसित होती है.10 लाख से अधिक पर हुई अध्ययनस्वीडन में गोथेनबर्ग यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने 16 से 25 वर्ष की आयु के बीच सेना में भर्ती होने वाले 10 लाख से अधिक पुरुषों के डेटा की जांच की. इन पुरुषों को सेना में भर्ती होने के लिए कई परीक्षणों से गुजरना पड़ा, जिसमें एक साइकिल चलाने का परीक्षण भी शामिल था. इस परीक्षण के परिणामों के आधार पर, शोधकर्ताओं ने प्रतिभागियों को तीन श्रेणियों में बांटा- उच्च, मध्यम और कम कार्डियो रेस्पिरेटरी फिटनेस. शोधकर्ताओं ने तब इन पुरुषों का 50 वर्ष की आयु तक पालन किया. इस अवधि के दौरान 7 प्रतिशत पुरुषों को कैंसर हो गया.
अध्ययन में क्या बात आई सामने?युवावस्था के दौरान जिन लोगों का फिटनेस का स्तर कम था उसकी तुलना में फिट रहने वाले पुरुषों में कैंसर के विकास के कम जोखिम से लिंक था. फेफड़ों के कैंसर में सबसे बड़ी कमी देखी गई. इसके बाद लिवर कैंसर और भोजन नली का कैंसर आया.
Farrukh Dhondy | Tax-Dodgers and Many Others Use ‘Golden Visa’ To Shelter in Dubai
I have been three times to Dubai — not to dodge taxes or even to dodge Iranian bombs.…

