नोएडा. आज आए भूंकप से सोसायटी की दीवारों पर केवल दरारें आई हैं, अगले भूकंप को ये दीवारें झेल पाएंगी या नहीं, कहा नहीं जा सकता. यहां के लोग कहते हैं कि इस बारे में कई बार अथॉरिटी को सूचना दी गई है कि 3000 परिवारों से भरी यह सोसायटी जर्जर है, पर कोई सुनने वाला नहीं.जी हां, हम बात कर रहे हैं नोएडा के मामूरा स्थित श्रमिक कुंज सोसायटी की. आज आए 5.8 तीव्रता वाले भूकंप से इस सोसायटी की दीवारों पर दरारें आ गई हैं. सोसायटी में रहनेवाले करीब 3 हजार परिवारों को हर पल मौत का डर सताए रहता है. दरअसल यहां 2003 से लोग रह रहे हैं. इस सोसायटी का निर्माण श्रमिकों के लिए किया गया था और 2003 में अलॉट किया गया था.
इतने साल में इस बिल्डिंग की स्थिति जर्जर हो चुकी है. श्रमिक कुंज में रहने वाले आलम बताते हैं कि हम यहां पर 20 साल से रह रहे हैं. इमारत जर्जर हालत में है. मंगलवार को जब भूकंप आया तो इमारत में कई जगह पर दरार पड़ गईं . ऐसे में हम यहां कैसे रहें? कैसे माने कि हम यहां सुरक्षित हैं? कई बार शिकायत दर्ज कराई नोएडा अथॉरिटी को, लेकिन कोई सुनने को तैयार नहीं.
श्रमिक कुंज में रहनेवाली प्रमिला बताती हैं कि जब भी शिकायत करो तो लोग आते हैं प्लास्टर लगा कर चले जाते हैं. लेकिन कोई ठोस उपाय नहीं होता. पूरी सोसाइटी की दीवार पर पेड़ पौधे उग आए हैं.अब भूकंप आया तो दरार पड़ गई. इस को देखकर ऐसा लगता है कि इस सोसायटी को अनाथ छोड़ दिया गया है. वहीं इस मसले पर जब नोएडा अथॉरिटी के जूनियर इंजीनियर नवीन से बात की गई तो कुछ बताने में उन्होंने असमर्थता जताई. जबकि मैनेजर रमेश ने फोन का जवाब नहीं दिया.ब्रेकिंग न्यूज़ हिंदी में सबसे पहले पढ़ें News18 हिंदी| आज की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट, पढ़ें सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट News18 हिंदी|FIRST PUBLISHED : January 24, 2023, 22:36 IST
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