उत्तर प्रदेश के अमरोहा जनपद से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. डिडौली कोतवाली क्षेत्र के कालाखेड़ा गांव में दहेज की मांग पूरी न होने पर एक विवाहिता गुलफिशा की निर्मम हत्या कर दी गई. गुलफिशा की शादी करीब एक साल पहले परवेज नामक युवक से हुई थी. शादी के बाद से ही ससुराल वाले उस पर 10 लाख रुपए नकद और एक कार लाने का दबाव बना रहे थे.
घटना के बाद मृतका के पिता की तहरीर पर डिडौली कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया और जांच शुरू की. शुक्रवार को पुलिस ने मुख्य आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है और जल्द ही सभी को सलाखों के पीछे पहुंचाया जाएगा.
पीड़िता के परिजनों का आरोप है कि जब गुलफिशा ने दहेज लाने से इनकार किया, तो ससुराल वालों ने उसे जबरन तेजाब पिला दिया. यह घटना 11 अगस्त को हुई, जिसके बाद गंभीर हालत में गुलफिशा को अस्पताल में भर्ती कराया गया. डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद 17 दिन तक चले इलाज के बाद गुलफिशा ने दम तोड़ दिया.
मृतका के पिता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष 10 लाख रुपये नकद और एक कार की मांग कर रहा था. मांग पूरी न होने पर विवाहिता को लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता रहा. अत्याचार की सारी हदें तब पार हो गईं जब आरोपी पति ने उसे जबरन तेजाब पिलाया. गंभीर हालत में महिला को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां 17 दिनों तक उसका इलाज चला, लेकिन अंततः उसने दम तोड़ दिया.
गुलफिशा के पिता फुरकान की शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पति परवेज सहित आसिम, गुलिस्ता, मोनिश, सैफ, डॉ. भूरा और बब्बू के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है. पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है.
सीओ सिटी शक्ति सिंह ने जानकारी दी कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद आरोपियों पर दहेज हत्या की धाराएं बढ़ाई जाएंगी और उसके आधार पर सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी. फिलहाल, इस अमानवीय कृत्य से पूरे क्षेत्र में आक्रोश व्याप्त है और लोग आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं.